जितेंद्र खुराना ने दो गौरक्षकों की मृत्यु पर राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग से मुआवज़े की शिकायत करी

 

21 मई 2018 को  जागरण में छपी रिपोर्ट के अनुसार फ़रीदाबाद में दो गौ रक्षक गौरव और हरिकिशन कुएं में गिरी गाय को निकालने के लिए कुएं में उतर गए। किन्तु दोनों कुएं के अंदर जहरीली गैस की चपेट में आ गए। थोड़ी देर में ही दोनों बेहोश हो गए और बाद में दोनों को मृत अवस्था में कुएं से बाहर निकाला गया।

ये घटना हरियाणा खट्टर सरकार की लापरवाही का परिणाम है। ऐसे कुएं खुले छोड़े ही क्यूँ गए हैं? ऐसे कुएं देश के अन्य भागों में भी लोगों की जान लेते रहे हैं।

इस घटना के संबंध में हिन्दू जागरण अभियान के अध्यक्ष जितेंद्र खुराना द्वारा राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग को शिकायत करी गई है कि हरियाणा सरकार द्वारा लापरवाही बरतने के कारण दोनों गौरक्षकों की जान गई है इसलिए दोनों के परिवार को मुआवजा दिया जाए।

साथ ही उन सरकारी अधिकारियों के विरुद्ध एफआईआर भी दर्ज की जाए जिनहोने लापरवाही बरती कि ऐसे जानलेवा कुआं खुला रहा।

जितेंद्र खुराना ने ये भी निवेदन किया है कि भाजपा खट्टर सरकार पूरे हरियाणा में ऐसे खुले कुओं की सूची बनाए और उन पर उचित कार्यवाही करे जिससे ऐसी घटनाएँ दुबारा न हों।

साथ ही ये भी निवेदन किया गया है कि मानवाधिकार आयोग खट्टर सरकार से पूंछें कि ऐसी घटनाओं से निपटने के लिए सरकार के पास क्या व्यवस्था है और जो भी व्यवस्था है उसके बारे में सरकार द्वारा जनजागरण में प्रचार किया जाये जिससे लोगों को पता चले कि ऐसी घटना होने पर किसे संपर्क किया जाये।

इस घटना से ये भी स्पष्ट हो जाता है कि भाजपा हरियाणा की खट्टर सरकार गायों को लेकर भी लापरवाह है। भाजपा नेता अपने शब्दों में हिन्दू वोटों के लिए तो गाय गाय करते रहते हैं किन्तु जब गाय कष्ट में होती है तो वे दिखाई नहीं देते। इस घटना में भी जब गाय कुएं में गिरी तो हरियाणा भाजपा सरकार द्वारा ऐसी व्यवस्था होनी चाहिए थी कि गाय को बचाया जा सके। किन्तु अंत में गौरक्षकों को ही प्रयास करना पड़ा जिसमे उन दोनों की जान चली गई। धन्य हों ऐसे निस्वार्थ गौरक्षक जो गौमाता के लिए अपने प्राण भी दे देते हैं।

Buy Book of the week by Clicking on it NOW!.

Written By

loading...